August 10, 2026

उत्तराखंड में घर की पहचान अब होगी बेटी के नाम से? जानिए क्या है ये अनोखी पहल!

Beti Bachao : Beti Padhao : Pithoragarh : Social Initiative : Girl Child : पिथौरागढ़ जनपद में बेटियों के जन्म और सम्मान को बढ़ावा देने के लिए जिलाधिकारी आशीष भटगाई की ओर से एक अभिनव पहल शुरू की गई है। बेटी बचाओ–बेटी पढ़ाओ अभियान के अंतर्गत “मेरी चेली म्यार घरै पछयांण” कार्यक्रम का शुभारंभ कनालीछीना विकासखंड से किया गया।

इस पहल के तहत परिवार में बेटी के जन्म लेने पर उस घर की पहचान अब जन्म लेने वाली बेटी के नाम से होगी। महिला एवं बाल विकास विभाग संबंधित परिवार को बेटी के नाम की विशेष पटिटका उपलब्ध कराएगा…जिसे घर के बाहर लगाना अनिवार्य होगा।

जिलाधिकारी आशीष भटगाई ने कहा कि इस कदम से न केवल बालिका का नाम सार्वजनिक रूप से पहचाना जाएगा…बल्कि समाज में यह संदेश भी जाएगा कि बेटियां परिवार की गौरव और पहचान हैं। उन्होंने कहा कि जनपद में बालिकाओं की संख्या अभी भी बालकों के मुकाबले कम है और यह सामाजिक दृष्टि से चिंता का विषय है।

उन्होंने उम्मीद जताई कि इस पहल से लोगों की सोच में सकारात्मक बदलाव आएगा और कन्या भ्रूण हत्या जैसी प्रवृत्तियों पर रोक लगेगी। साथ ही बालिकाओं की शिक्षा, स्वास्थ्य और अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ेगी।

जिलाधिकारी ने कहा कि यह योजना केवल सरकारी पहल नहीं…बल्कि सामाजिक सोच में बदलाव का प्रयास है। इसमें जनप्रतिनिधियों, स्वयंसेवी संगठनों और आम नागरिकों की सक्रिय भागीदारी अपेक्षित है। इस अभियान से पिथौरागढ़ में बेटियों के सम्मान और संरक्षण की नई पहचान स्थापित होगी।